न्यूज स्कूप : देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो में अचानक आई स्टाफ-शॉर्टेज, सिस्टम सिंक्रोनाइजेशन और ऑपरेशनल मैनेजमेंट की समस्या ने पूरे देश में विमानन संकट पैदा कर दिया है। लगातार दूसरे दिन, दिल्ली, मुंबई, अहमदाबाद, जयपुर, इंदौर और कोच्चि सहित कई एयरपोर्ट टर्मिनलों पर बड़े पैमाने पर उड़ानें रद्द या लेट होने से यात्रियों की भारी भीड़ है। देर रात तक भी स्थिति पूरी तरह संभलने में वक्त लग रहा था।
इंडिगो के बेड़े और नेटवर्क की वजह से देश के लगभग हर हिस्से में इसका असर दिखा है, जिससे यात्री अनिश्चितता के बीच एयरपोर्ट पर फंसे रहे और सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर की।
इंडिगो की उड़ानें देश के सभी प्रमुख महानगरों में बुरी तरह प्रभावित हुईं:
| शहर | कुल रद्द उड़ानें (6 दिसंबर) | विवरण |
| मुंबई | 109 | 51 आगमन (Arrival) और 58 प्रस्थान (Departure) फ्लाइट्स |
| दिल्ली IGI | 86 | 37 डिपार्चर और 49 अराइवल फ्लाइट्स |
| अहमदाबाद | 19 | 12 AM से 6 AM के बीच 7 आगमन और 12 प्रस्थान उड़ानें |
| तिरुवनंतपुरम | 6 | 3 डोमेस्टिक आगमन और 3 डोमेस्टिक प्रस्थान उड़ानें |
| लखनऊ | 7 | इंडिगो की उड़ानें (एक एयर इंडिया की भी रद्द) |
सबसे गंभीर स्थिति चेन्नई एयरपोर्ट पर दिखाई दी। एयरपोर्ट पर बढ़ती भीड़ को नियंत्रित करने के लिए एयरलाइन को एक सख्त उपाय अपनाना पड़ा।
- आंतरिक निर्देश: इंडिगो एयरलाइन ने CISF के असिस्टेंट कमांडेंट को एक आंतरिक पत्र जारी किया। इसमें स्पष्ट कहा गया कि रद्द की गई उड़ानों के यात्रियों को टर्मिनल में प्रवेश की अनुमति न दी जाए, ताकि एयरपोर्ट पर बढ़ती भीड़ को नियंत्रित किया जा सके।
- 29 फ्लाइट रद्द: इस पत्र में 6 दिसंबर 2025 को सुबह 10:30 बजे से देर रात 11:15 बजे के बीच विभिन्न प्रमुख रूटों (पोर्ट ब्लेयर, अहमदाबाद, मुंबई, बेंगलुरु, कोलकाता, पटना, पुणे और कोच्चि) के लिए रवाना होने वाली कुल 29 फ्लाइट्स को ऑपरेशनल कारणों से रद्द करने का जिक्र है।
मुंबई और अहमदाबाद एयरपोर्ट पर यात्रियों का बुरा हाल रहा। बच्चे, बुजुर्ग और बिजनेस ट्रैवलर जमीन पर बैठकर इंतजार करते दिखे। कई यात्रियों ने शिकायत की कि उन्हें एयरलाइन की ओर से समय पर सही जानकारी नहीं मिली।
इस बीच, अभिनेता सोनू सूद ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर एक संदेश लिखा। उन्होंने कहा कि फ्लाइट में देरी निराशाजनक है, लेकिन इंडिगो स्टाफ के साथ विनम्र व्यवहार करें, क्योंकि वे भी इस कैंसलेशन का बोझ उठा रहे हैं और स्थिति को ठीक करने की कोशिश कर रहे हैं।
फ्लाइट कैंसिलेशन के कारण जब लाखों यात्री अचानक ट्रेन यात्रा की ओर भागे, तो भारतीय रेलवे ने तत्काल प्रतिक्रिया दी।
- क्षमता वृद्धि: रेलवे ने रातोंरात बड़ा कदम उठाते हुए 37 प्रीमियम ट्रेनों में 116 अतिरिक्त कोच लगाने का निर्णय लिया, जो 6 दिसंबर से ही प्रभावी हो गया है। इनमें सबसे अधिक ऑगमेंटेशन 18 ट्रेनों में किया गया है, जिसमें चेयर कार, स्लीपर, 3AC और 2AC कोच शामिल हैं।
- स्पेशल ट्रेनें: इसके अतिरिक्त, रेलवे ने फँसे यात्रियों के लिए 4 स्पेशल ट्रेनें भी चलाईं, जिनमें गोरखपुर-आनंद विहार और नई दिल्ली-कैप्टन तुषार महाजन वंदे भारत स्पेशल जैसी ट्रेनें शामिल थीं।
यह दर्शाता है कि देश के एविएशन सेक्टर में आए संकट के बीच, भारतीय रेलवे ने हजारों यात्रियों को तत्काल राहत प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
