न्यूज स्कूप : अक्सर सफर के दौरान सबसे बड़ी परेशानी तब आती है जब मोबाइल नेटवर्क गायब हो जाता है और Google Maps काम करना बंद कर देता है। खासकर पहाड़ी रास्तों, जंगलों या दूर-दराज के इलाकों में रास्ता भटकने का डर बना रहता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इंटरनेट न होने पर भी गूगल मैप्स आपका भरोसेमंद साथी बन सकता है?
जी हां, गूगल मैप्स का ‘ऑफलाइन मोड’ (Offline Mode) एक ऐसा शानदार फीचर है जो आपको बिना डेटा खर्च किए मंजिल तक पहुंचा सकता है। आइए विस्तार से जानते हैं कि यह फीचर कैसे काम करता है और इसे कैसे एक्टिवेट किया जाता है।
Google Maps का ऑफलाइन मोड एक ऐसी सुविधा है जो यूजर्स को किसी विशिष्ट भौगोलिक क्षेत्र (Area) का मैप पहले से डाउनलोड करने की अनुमति देती है। एक बार मैप डाउनलोड हो जाने के बाद, यह आपके फोन की इंटरनल स्टोरेज में सेव हो जाता है।
- फायदा: जब आप किसी ‘नो-नेटवर्क ज़ोन’ में होते हैं, तब भी आप अपनी लोकेशन देख सकते हैं और टर्न-बाय-टर्न ड्राइविंग नेविगेशन का उपयोग कर सकते हैं। यह कार से लंबी यात्रा करने वालों के लिए सबसे उपयोगी फीचर माना जाता है।
ऑफलाइन मैप सेट करना बहुत आसान है। बस इन स्टेप्स को फॉलो करें:
- अपने फोन में Google Maps ऐप खोलें।
- सर्च बार में उस शहर या इलाके का नाम टाइप करें जहां आप जाने वाले हैं।
- नीचे की ओर दिए गए Location Card पर टैप करें।
- वहां आपको तीन डॉट्स (More) या सीधे ‘Download Offline Map’ का विकल्प दिखेगा, उस पर टैप करें।
- आप अपनी सुविधा के अनुसार मैप के एरिया को घटा या बढ़ा सकते हैं और फिर ‘Download’ पर क्लिक करें।
- प्रो टिप: मैप डाउनलोड करते समय Wi-Fi का उपयोग करें ताकि आपका मोबाइल डेटा बचा रहे और बड़ी फाइल आसानी से सेव हो जाए।
ऑफलाइन मोड में गूगल मैप्स काफी प्रभावी ढंग से काम करता है:
- ड्राइविंग नेविगेशन: आप अपनी मंजिल सर्च कर सकते हैं और ऐप आपको बोलकर रास्ता बताएगा।
- GPS ट्रैकिंग: आपका फोन बिना इंटरनेट के भी सैटेलाइट के जरिए आपकी सटीक लोकेशन दिखाएगा।
- प्रमुख जगहें: सेव किए गए एरिया की सभी सड़कें, पेट्रोल पंप, अस्पताल और रेस्टोरेंट्स मैप पर साफ दिखाई देंगे।
ऑफलाइन मैप का इस्तेमाल करते समय कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है:
- लाइव ट्रैफिक नहीं दिखेगा: ऑफलाइन मोड में आपको सड़कों पर जाम या ट्रैफिक की रियल-टाइम जानकारी नहीं मिलेगी।
- नो पब्लिक ट्रांसपोर्ट: पैदल चलने का रास्ता या बस/ट्रेन के रूट्स इस मोड में काम नहीं करेंगे।
- एक्सपायरी डेट: ऑफलाइन मैप्स एक निश्चित समय (आमतौर पर 1 साल) के बाद एक्सपायर हो जाते हैं। इसलिए यात्रा पर निकलने से पहले इन्हें अपडेट करना न भूलें।
- स्टोरेज: मैप डाउनलोड करने से पहले फोन में पर्याप्त स्पेस होना जरूरी है, क्योंकि बड़े शहरों के मैप 100MB से 500MB तक के हो सकते हैं।
सफर को सुरक्षित और आसान बनाने के लिए ‘ऑफलाइन मैप्स’ एक अनिवार्य टूल है। अगली बार जब भी आप किसी एडवेंचर ट्रिप या लंबी ड्राइव पर जाएं, तो अपने डेस्टिनेशन का मैप पहले से डाउनलोड कर लें।
