न्यूज स्कूप : वर्ष 2025 में सोने की कीमतों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली है। अप्रैल में एक लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर को छूने के बाद, सोना लगातार निवेशकों के बीच सबसे अधिक पसंद किया जाने वाला ‘सेफ हेवन’ (Safe Haven) निवेश बना हुआ है। लगातार बढ़ती चमक के कारण यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि यदि कोई व्यक्ति आज ₹5 लाख का निवेश करता है, तो अगले पांच वर्षों में यानी 2030 तक उसे कितना रिटर्न मिल सकता है।
शादी-विवाह के त्योहारी मौसम की बढ़ी हुई मांग के कारण मंगलवार (25 नवंबर) को दिल्ली के सर्राफा बाजार में सोने की कीमतों में बड़ा उछाल देखा गया। तीन दिनों से जारी गिरावट का रुझान तोड़ते हुए, 99.5% शुद्धता वाले सोने की कीमत ₹3,500 बढ़कर ₹1,28,900 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई।
सोने के साथ-साथ चांदी में भी तगड़ी तेजी देखी गई। स्थानीय ज्वेलर्स की मांग बढ़ने से चांदी की कीमत भी ₹5,800 बढ़कर ₹1,60,800 रुपये प्रति किलोग्राम (टैक्स सहित) हो गई।
सोने की लगातार बढ़ती चमक के पीछे मुख्य रूप से वैश्विक और घरेलू आर्थिक परिस्थितियाँ हैं:
- वैश्विक अस्थिरता: भू-राजनीतिक तनाव और अंतर्राष्ट्रीय व्यापार युद्धों के कारण निवेशक शेयर बाजार और अन्य जोखिम भरे एसेट्स से निकलकर सुरक्षित निवेश (सोना) की ओर रुख कर रहे हैं।
- आर्थिक अनिश्चितता और महंगाई: केंद्रीय बैंकों द्वारा मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने के प्रयास भी असफल रहे हैं, जिसके चलते महंगाई बढ़ी है। सोना हमेशा से ही महंगाई के खिलाफ एक भरोसेमंद हेज (Hedge) रहा है।
- घरेलू मांग: भारत में शादियों और त्योहारों के मौसम में सोने की भौतिक मांग (Physical Demand) कीमतों को लगातार मजबूती दे रही है।
सोने ने पिछले 25 वर्षों में अपने निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। वर्ष 2000 में 24 कैरेट सोने की कीमत मात्र ₹4,400 रुपये प्रति 10 ग्राम थी, जो 2025 में बढ़कर लगभग ₹1.25 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम हो चुकी है।
आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2000 से 2025 तक सोने का कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) लगभग 14% रहा है। इन ढाई दशकों में केवल तीन साल—2013, 2015 और 2021—ऐसे रहे जब कीमतों में गिरावट दर्ज की गई।
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि आने वाले समय में भी सोना अपनी ऐतिहासिक वृद्धि को बरकरार रखेगा। अगर हम पिछले 25 वर्षों के 14% CAGR के आधार पर एक अनुमानित गणना करें, तो:
- यदि आज ₹5 लाख का निवेश किया जाता है, तो अगले 5 वर्षों (2030) में यह निवेश लगभग ₹9,62,700 तक पहुँच सकता है।
- यह गणना दर्शाती है कि आपका पैसा 2030 तक लगभग दोगुना हो सकता है।
कई रिपोर्ट्स का अनुमान है कि यदि मौजूदा तेजी जारी रही तो 2030 तक सोना ₹2,50,000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच सकता है। कुछ अत्यधिक बुलिश रिपोर्ट्स तो यह दावा भी करती हैं कि 2030 तक 10 ग्राम सोने की कीमत ₹7 लाख से ₹7.5 लाख रुपये तक जा सकती है। यह स्पष्ट है कि यदि वैश्विक अनिश्चितता आगे भी बनी रहती है, तो निवेशकों को मिलने वाले रिटर्न की संभावना और अधिक मजबूत हो जाएगी।
