न्यूज स्कूप : दुनिया के सबसे चर्चित और विवादित यौन शोषण मामलों में से एक, जेफरी एपस्टीन (Jeffrey Epstein) केस में अमेरिकी न्याय विभाग (DoJ) ने एक बड़ा धमाका किया है। ‘एपस्टीन फाइल्स ट्रांसपेरेंसी एक्ट’ के तहत विभाग ने 30 लाख (3 मिलियन) से अधिक पन्नों के नए दस्तावेज सार्वजनिक किए हैं। यह कदम सरकार पर पड़ रहे उस राजनीतिक और सार्वजनिक दबाव का नतीजा है, जिसमें एपस्टीन के वैश्विक सेक्स ट्रैफिकिंग नेटवर्क और उसमें शामिल दुनिया के सबसे अमीर व ताकतवर लोगों के बेनकाब होने की मांग की जा रही थी।
डिप्टी अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस भारी-भरकम डेटा रिलीज की जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इन दस्तावेजों के जरिए यह समझने में मदद मिलेगी कि सरकार को एपस्टीन की अवैध गतिविधियों और उसके रसूखदार संपर्कों के बारे में असल में क्या और कब जानकारी थी।
जारी किए गए दस्तावेजों की प्रकृति बेहद संवेदनशील और आपत्तिजनक है। इसे देखते हुए न्याय विभाग ने कड़े सुरक्षा उपाय अपनाए हैं:
- उम्र का सत्यापन: DoJ की आधिकारिक वेबसाइट पर अब इन फाइलों को देखने के लिए ‘एज वेरिफिकेशन’ (Age Verification) बैरियर लगाया गया है, ताकि नाबालिग इन आपत्तिजनक सामग्रियों तक न पहुंच सकें।
- पहचान की सुरक्षा: घिसलेन मैक्सवेल को छोड़कर, अन्य सभी महिलाओं और पीड़ितों की तस्वीरों को एडिट या धुंधला (Black out) किया गया है ताकि उनकी निजता बनी रहे।
- सैकड़ों वकीलों की टीम: विभाग ने बताया कि 52 लाख (5.2 मिलियन) दस्तावेजों की समीक्षा के लिए सैकड़ों वकीलों की टीम तैनात की गई है, ताकि किसी भी पीड़ित की पहचान उजागर न हो।
यह कानून अमेरिकी कांग्रेस द्वारा महीनों के राजनीतिक विचार-विमर्श के बाद पारित किया गया था।
- उद्देश्य: इस कानून का मकसद दिवंगत फाइनेंसर जेफरी एपस्टीन और उसकी सहयोगी घिसलेन मैक्सवेल पर मौजूद सरकारी फाइलों को पूरी तरह खोलना है।
- डेडलाइन: हालांकि विभाग 19 दिसंबर की शुरुआती डेडलाइन को पूरा नहीं कर पाया था, लेकिन अब रिकॉर्ड्स को बैच के आधार पर तेजी से जारी किया जा रहा है।
क्रिसमस 2025 से ठीक पहले जारी किए गए दस्तावेजों ने पहले ही दुनिया भर में हलचल मचा दी थी। उन फाइलों में शामिल थे:
- फ्लाइट लॉग्स: एपस्टीन के प्राइवेट जेट के फ्लाइट लॉग्स से पता चला कि 1990 के दशक में डोनाल्ड ट्रंप ने उसके विमान में यात्रा की थी (बाद में उनके बीच अनबन की खबरें आई थीं)।
- हाई-प्रोफाइल तस्वीरें: पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन की कई तस्वीरें और उनसे जुड़े संदर्भ भी इन फाइलों का हिस्सा रहे हैं।
- कॉल लॉग्स: इसमें दुनिया के कई बड़े राजनेताओं, व्यापारियों और हस्तियों के कॉल लॉग्स और इंटरव्यू ट्रांसक्रिप्ट्स शामिल हैं।
जेफरी एपस्टीन की जेल में हुई रहस्यमयी मौत के बाद से ही यह केस दुनिया भर की जांच एजेंसियों के लिए एक पहेली बना हुआ है। 30 लाख पन्नों का यह ताजा खुलासा सत्ता के गलियारों में छिपे उन चेहरों को बेनकाब कर सकता है, जिन्होंने एपस्टीन के अपराधों को संरक्षण दिया या उनमें शामिल रहे।
