न्यूज स्कूप : भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा इस साल रेपो रेट में कुल 1.25 प्रतिशत की बड़ी कटौती के बाद बैंकिंग सेक्टर में ब्याज दरों को लेकर हलचल तेज हो गई है। रेपो रेट घटने का सीधा असर फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर पड़ा है और देश के दिग्गज बैंकों ने अपने इंटरेस्ट रेट कम करने की होड़ लगा दी है। ऐसे समय में, जब बैंक अपने ग्राहकों को कम रिटर्न दे रहे हैं, पोस्ट ऑफिस (Post Office) की बचत योजनाएं निवेशकों के लिए सबसे सुरक्षित और अधिक मुनाफे वाला विकल्प बनकर उभरी हैं।
खास बात यह है कि बैंकों की दरें रेपो रेट से प्रभावित होती हैं, जबकि पोस्ट ऑफिस की ब्याज दरें सीधे सरकार तय करती है। आइए जानते हैं कि इस समय पोस्ट ऑफिस और प्रमुख बैंकों में निवेश पर आपको कितना लाभ मिल रहा है।
पोस्ट ऑफिस की टाइम डिपॉजिट (TD) स्कीम को बैंक FD का सबसे बेहतरीन विकल्प माना जाता है। इसकी वर्तमान ब्याज दरें कई बड़े कमर्शियल बैंकों से काफी अधिक हैं:
- 1 साल का निवेश: 6.9% ब्याज
- 2 साल का निवेश: 7.0% ब्याज
- 3 साल का निवेश: 7.1% ब्याज
- 5 साल का निवेश: 7.5% ब्याज
₹2 लाख के निवेश पर कितना होगा मुनाफा?
अगर आप 7.5% की दर से 5 साल के लिए ₹2,00,000 पोस्ट ऑफिस TD में निवेश करते हैं, तो कम्पाउंडिंग ग्रोथ के चलते मैच्योरिटी पर आपको ₹89,990 का केवल ब्याज मिलेगा। इस तरह आपकी कुल रकम ₹2,89,990 हो जाएगी। साथ ही, 5 साल की इस स्कीम पर इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80C के तहत टैक्स छूट का लाभ भी मिलता है।
रेपो रेट कम होने के बाद बैंकों ने अपनी दरों में जो बदलाव किए हैं, वे कुछ इस प्रकार हैं:
देश के सबसे बड़े बैंक SBI ने 15 दिसंबर 2025 से ब्याज दरें घटा दी हैं। अब सामान्य ग्राहकों को 6.40% और सीनियर सिटीजन्स को 6.90% ब्याज मिल रहा है। ‘अमृत वृष्टि’ FD पर भी ब्याज घटाकर 6.45% कर दिया गया है।
रेपो रेट में कमी के बाद ICICI बैंक विभिन्न अवधियों पर 2.75% से 6.60% के बीच ब्याज दे रहा है। हालांकि, सीनियर सिटीजन्स को यहाँ अधिकतम 7.20% तक का लाभ मिल सकता है, जो अभी भी पोस्ट ऑफिस से कम है।
इन दोनों बैंकों ने अपने रेपो-लिंक्ड लेंडिंग रेट (RLLR) में कटौती की है। इंडियन बैंक का रेट अब 7.95% और बैंक ऑफ बड़ौदा का 7.90% हो गया है, जिसका असर उनकी डिपॉजिट स्कीमों पर भी पड़ रहा है।
| फीचर | बैंक FD (प्राइवेट/सरकारी) | पोस्ट ऑफिस TD |
| ब्याज दर | 6.5% – 7.0% (औसतन) | 6.9% – 7.5% |
| रेपो रेट का असर | तुरंत पड़ता है | कोई असर नहीं (सरकार तय करती है) |
| टैक्स बेनिफिट | केवल 5 साल की टैक्स-सेवर FD पर | 5 साल की स्कीम पर (80C) |
| सुरक्षा | ₹5 लाख तक (DICGC बीमा) | 100% सरकारी गारंटी |
यदि आप अपनी पूंजी पर अधिकतम और गारंटीड रिटर्न चाहते हैं, तो इस समय पोस्ट ऑफिस की 5 साल वाली स्कीम बैंकों के मुकाबले काफी बेहतर स्थिति में है।
