न्यूज स्कूप : देश के 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर जब 26 जनवरी 2026 को कर्तव्य पथ पर गौरवशाली परेड की शुरुआत होगी, तो दर्शकों की निगाहें ‘बिहार’ और ‘दिल्ली’ की झांकियों को जरूर तलाशेंगी, लेकिन इस बार उन्हें निराशा हाथ लगेगी। पिछले साल (2025) में नालंदा की ऐतिहासिक विरासत के साथ शानदार वापसी करने वाला बिहार, इस बार रक्षा मंत्रालय की नई ‘रोटेशन पॉलिसी’ के चलते परेड का हिस्सा नहीं बन पाया है। वहीं, दिल्ली सरकार की ओर से कोई प्रस्ताव न भेजे जाने के कारण राष्ट्रीय राजधानी की झांकी भी इस बार गायब रहेगी।
हालांकि, इस बार परेड में एक ऐतिहासिक बदलाव होने जा रहा है। गणतंत्र दिवस के इतिहास में पहली बार कर्तव्य पथ पर भारतीय फिल्म इंडस्ट्री की भव्यता को एक झांकी के माध्यम से दिखाया जाएगा, जिसका नेतृत्व सिनेमा के दिग्गज फिल्म डायरेक्टर संजय लीला भंसाली करेंगे।
राज्यों के बीच झांकियों के चयन को लेकर होने वाले विवादों को खत्म करने के लिए रक्षा मंत्रालय ने एक नया नियम लागू किया है।
- नियम: इस रोटेशन पॉलिसी के तहत हर राज्य और केंद्र शासित प्रदेश को 3 साल के भीतर कम से कम एक बार अपनी झांकी प्रदर्शित करने का मौका दिया जाएगा।
- बिहार का मामला: चूंकि बिहार ने पिछले साल (2025) में नालंदा विश्वविद्यालय की भव्य झांकी पेश की थी, इसलिए रोटेशन के आधार पर इस साल उसे ‘वेटिंग लिस्ट’ में डाल दिया गया है।
- दिल्ली की अनुपस्थिति: दिल्ली सरकार की ओर से झांकी के लिए समय पर कोई आधिकारिक प्रस्ताव रक्षा मंत्रालय को नहीं भेजा गया, जिसकी वजह से इस बार दिल्ली की झलक भी नहीं दिखेगी।
परेड का सबसे बड़ा आकर्षण इस बार भारतीय सिनेमा को समर्पित झांकी होगी।
- संजय लीला भंसाली: फिल्म जगत की ओर से दिग्गज निर्देशक संजय लीला भंसाली सिनेमाई भव्यता का प्रतिनिधित्व करेंगे।
- एमएम कीरावनी: ऑस्कर विजेता संगीतकार एमएम कीरावनी ‘वंदे मातरम’ की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर एक नई और विशेष धुन पेश करेंगे, जो परेड की गूंज को और भी शानदार बनाएगी।
- थीम: इस वर्ष परेड का मुख्य विषय ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘वंदे मातरम् के 150 साल’ रखा गया है।
परेड में इस बार कुल 30 झांकियां शामिल होंगी। यहाँ उन राज्यों और मंत्रालयों की सूची दी गई है जो हिस्सा ले रहे हैं:
| श्रेणी | शामिल राज्य / केंद्र शासित प्रदेश |
| राज्य | असम, छत्तीसगढ़, गुजरात, हिमाचल प्रदेश, केरल, महाराष्ट्र, मणिपुर, नगालैंड, ओडिशा, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश, पंजाब। |
| UTs | जम्मू-कश्मीर, पुडुचेरी। |
| सेना एवं विभाग | वायु सेना, नौसेना, सैन्य मामलों का विभाग। |
| मंत्रालय | संस्कृति, आयुष, गृह, सूचना एवं प्रसारण, पंचायती राज, विद्युत, कौशल विकास। |
2025 में बिहार की ‘नालंदा’ झांकी ने अपनी बौद्धिक विरासत और घोड़ा कटोरा झील के दृश्य से वैश्विक मंच पर वाहवाही लूटी थी। हालांकि इस बार बिहार ‘एक्शन’ में नहीं दिखेगा, लेकिन राज्य के सूचना विभाग का कहना है कि वे भविष्य के लिए और भी बेहतरीन विषयों पर काम कर रहे हैं।
26 जनवरी 2026 की परेड पुरानी यादों और नए बदलावों का संगम होगी। जहां बिहार और दिल्ली की कमी खलेगी, वहीं भारतीय सिनेमा का पहली बार जुड़ना और कीरावनी की धुन परेड को एक नया और आधुनिक कलेवर प्रदान करेगी।
