न्यूज स्कूप : साल 2026 की सबसे चर्चित फिल्मों में से एक, साउथ सुपरस्टार प्रभास (Prabhas) की ‘द राजा साब’ (The Raja Saab) के लिए बॉक्स ऑफिस का सफर उम्मीदों के विपरीत नजर आ रहा है। 400 करोड़ रुपये के मेगा बजट और भारी-भरकम स्टार कास्ट के साथ रिलीज हुई यह हॉरर-कॉमेडी फिल्म अपने पहले हफ्ते में ही सुस्त पड़ती दिख रही है।
शानदार ओपनिंग डे के बाद फिल्म के कलेक्शन में जिस तरह की गिरावट आई है, उसने ट्रेड एनालिस्ट्स और फैंस दोनों को चौंका दिया है। आलम यह है कि फिल्म अब सिंगल डिजिट की कमाई पर सिमट गई है, जिससे इसके बजट की रिकवरी पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं।
फिल्म ने पहले दिन तो प्रभास के स्टारडम का फायदा उठाया, लेकिन कमजोर कहानी और ‘वर्ड ऑफ माउथ’ (Word of Mouth) के कारण दर्शक धीरे-धीरे सिनेमाघरों से कम होते गए।
- बंपर ओपनिंग: फिल्म ने पेड प्रिव्यूज और पहले दिन को मिलाकर भारत में ₹62.90 करोड़ का जबरदस्त कलेक्शन किया था।
- वीकेंड का सहारा: रिलीज के पहले शनिवार और रविवार को फिल्म ने अपनी पकड़ बनाए रखी और ₹45.10 करोड़ जुटाए।
- वर्किंग डेज में गिरावट: सोमवार से गुरुवार के बीच फिल्म की हालत पतली रही। इन चार दिनों में फिल्म बड़ी मुश्किल से ₹22.40 करोड़ का ही बिजनेस कर सकी।
- कुल भारत कलेक्शन (7 दिन): अब तक फिल्म ने भारत में कुल ₹130.40 करोड़ की कमाई की है।
विदेशों में प्रभास की तगड़ी फैन फॉलोइंग होने के बावजूद ‘द राजा साब’ वहां कोई करिश्मा नहीं कर पाई।
- ओवरसीज कलेक्शन: एक हफ्ते में विदेशों से फिल्म ने केवल ₹33 करोड़ का बिजनेस किया है।
- ग्रॉस कलेक्शन: रिपोर्ट्स के मुताबिक, 6 दिनों का ग्रॉस कलेक्शन ₹149 करोड़ रहा था।
- वर्ल्डवाइड टोटल (7 दिन): गुरुवार की कमाई मिलाकर फिल्म का कुल वर्ल्डवाइड कलेक्शन करीब ₹187.65 करोड़ तक पहुँचा है।
यह आंकड़ा इसलिए निराशाजनक है क्योंकि फिल्म का बजट ही ₹400 करोड़ बताया जा रहा है। यानी एक हफ्ता बीत जाने के बाद भी फिल्म अपनी लागत का आधा हिस्सा (50%) भी रिकवर नहीं कर पाई है।
जब फिल्म में प्रभास जैसा ‘बाहुबली’ स्टार हो और हिंदी बेल्ट के लिए संजय दत्त जैसा बड़ा नाम, तो कलेक्शन धुआंधार होने की उम्मीद रहती है। लेकिन ‘द राजा साब’ के साथ कुछ फैक्टर्स काम नहीं आए:
- कमजोर रिव्यू: फिल्म के कंटेंट और हॉरर-कॉमेडी के मिश्रण को दर्शकों ने औसत बताया है।
- प्रतिस्पर्धा: सिनेमाघरों में अन्य फिल्मों की मौजूदगी और दर्शकों की बदलती पसंद ने इसकी रफ्तार रोकी।
- हिंदी बेल्ट में कम रिस्पॉन्स: साउथ में फिल्म ने फिर भी कुछ हद तक ठीक किया है, लेकिन हिंदी दर्शकों के बीच इसका प्रभाव उम्मीद से कम रहा।
‘द राजा साब’ के लिए आने वाला दूसरा हफ्ता ‘करो या मरो’ वाली स्थिति जैसा है। यदि फिल्म दूसरे वीकेंड पर अपनी कमाई में बड़ा उछाल नहीं ला पाती है, तो प्रभास की यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर ‘डिजास्टर’ साबित हो सकती है।
